संयुक्त राष्ट्र संघ में ईरानी उप राजदूत ग़ुलाम हुसैन दहक़ानी ने एक बार फिर विश्व समुदाय से मांग की है कि वह ज़ायोनी शासन पर अप्रसार संधि एनपीटी पर हस्ताक्षर के लिए दबाव डाले।राष्ट्र संघ में परमाणु शस्त्रों रहित मध्यपूर्व के विषय पर आयोजित एक बैठक में दहक़ानी ने कहा कि परमाणु हथियारों से लैस इस्राईल मध्यपूर्व और विश्व की सुरक्षा के लिए ख़तरा है।उन्होंने तेल-अवीव के एनपीटी पर हस्ताक्षर करने की ज़रूरत पर ज़ोर देते हुए कहा कि इस्लामी गणतंत्र ईरान ने 1974 में एनपीटी पर हस्ताक्षर किए थे, और तेहरान ने हमेशा मध्यपूर्व को परमाणु हथियारों एवं सामूहिक विनाश के हथियारों से पाक रखने पर बल दिया है।ऐसा माना जाता है कि मध्यपूर्व में केवल ज़ायोनी शासन के पास परमाणु हथियार हैं जिनकी संख्या 200 से 400 के बीच है।
9 अक्टूबर 2013 - 20:30
समाचार कोड: 471223
संयुक्त राष्ट्र संघ में ईरानी उप राजदूत ग़ुलाम हुसैन दहक़ानी ने एक बार फिर विश्व समुदाय से मांग की है कि वह ज़ायोनी शासन पर अप्रसार संधि एनपीटी पर हस्ताक्षर के लिए दबाव डाले